दुल्हिनबाज़ार:

शराब की मार: कभी खाकी शर्मसार, कभी अंचल बेजार

ला पिला दे साकियाँ, पैमाना पैमाने के बाद ………………… में नपे अफसर, लेकिन इस शहर में तुम जैसे अफ़साने हजारों हैं.

दो अधिकारियों पर गाज गिरी, लेकिन पालीगंजवासी चोरी की घटनाओं से त्रस्त हैं. मामले के उदभेदन में पुलिस नकारा साबित हुई है. पालीगंज के कौरी गाँव में अवैध शराब निर्माण को पुलिस नज़रअंदाज़ करती रही है. दुल्हिनबाज़ार थाना के सामने अवरोधकों से टकराकर कई लोगों की जानें गईं हैं, लेकिन अवरोधक बरकरार हैं. मातमपुर्सी और शादी के अवसरों पर उपस्थिति की तस्वीरें फेसबुक पर पोस्ट कर सुर्खियाँ बटोरनेवाले प्रतिनिधियों के मुँह पर तालें लगें हैं. प्रतिनिधि अधिकारियों से मधुर सम्बन्ध दर्शाने में व्यस्त हैं. समस्या पर बोलते हुए मंजूषा रंजन ने सवालिया लहजे में कहा कि यह जनसेवा का कैसा स्वरूप है? मंजूषा ने प्रशासनिक लापरवाही पर चिंता व्यक्त की है..


दिसंबर 2015 में अंचलाधिकारी रविन्द्र राम को कार्यालय में शराब पीकर आने और कार्यों में लापरवाही बरतने के आरोप में पटना के जिलाधिकारी संजय कुमार अग्रवाल ने निलंबित कर दिया था. अब थानेदार अखिलेश कुमार को जब्त अवैध शराब की चोरी के जुर्म में निलंबित कर कार्रवाई के दायरे में लाया गया है. अंचलाधिकारी को अनुमंडलाधिकारी की रिपोर्ट पर निलंबित कर विभागीय कार्रवाई की अनुशंसा हुई थी. थानेदार अखिलेश को ग्रामीण एसपी चन्दन कुमार कुशवाहा की जांच रिपोर्ट पर वरीय पुलिस अधीक्षक मनु महाराज ने लाइन हाजिर कर दिया है. थानेदार पर जब्त शराब की 141 कार्टूनों को चुराने का आरोप है.

पालीगंजवासी चोरी की घटनाओं से त्रस्त हैं. मामले के उदभेदन में पुलिस नकारा साबित हुई है. पालीगंज के कौरी गाँव में अवैध शराब निर्माण को पुलिस नज़रअंदाज़ करती रही है. दुल्हिनबाज़ार थाना के सामने अवरोधकों से टकराकर कई लोगों की जानें गईं हैं, लेकिन अवरोधक बरकरार है. मातमपुर्सी और शादी के अवसरों पर उपस्थिति की तस्वीरें फेसबुक पर पोस्ट कर सुर्खियाँ बटोरनेवाले प्रतिनिधियों के मुँह पर ताला लगा है. प्रतिनिधि अधिकारियों से मधुर सम्बन्ध दर्शाने में व्यस्त हैं. समस्या पर बोलते हुए मंजूषा रंजन ने सवालिया लहजे में कहा कि यह जनसेवा का कैसा स्वरूप है? मंजूषा ने प्रशासनिक लापरवाही पर चिंता व्यक्त की है.

अखिलेश कुमार बाइक सवारों के लिए कहर बरपा रहे थे. दुल्हिनबाज़ार थाना के सामने अवरोधकों से टकराकर कई लोगों की जानें गईं हैं और कई लोग अपाहिज हो चुके हैं, लेकिन अवरोधक बरकरार है. कल्याणपुर के सुधांशु की पत्नी बाल-बाल बच गयी था और आज विकलांग की श्रेणी में आ चुकी है. अमवाँ गाँव का तेज-तर्रार युवक चुटूस कुमार मानसिक और शारीरिक रूप से बेकार हो चुका है. दरियापुर के राजनाथ सिंह के पुत्र और पुत्रवधू की मौत हो चुकी है, लेकिन दुल्हिनबाज़ार के किसी भी थानेदार के कानों पर जूं नहीं रेंगी.

आम लोगों को क़ानून का पाठ पढ़ानेवाला थानेदार शराब की चोरी में पकड़ा गया और पुलिस आम जनता पर धौंस जमाते नहीं अघाती.

दो अधिकारियों पर गाज गिरी, लेकिन पालीगंज के इंदिरानगर के लोग रोज चोरी की घटनाओं से त्रस्त हैं. मामले के उदभेदन में पुलिस नकारा साबित हुई है. पालीगंज के कौरी गाँव में अवैध शराब का निर्माण धड़ल्ले से होता है. पुलिस  अभी तक नज़रअंदाज़ करती रही है.

One thought on “दुल्हिनबाज़ार:

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *